उपहार का बंटवारा कहानी
उपहार का बंटवारा बादशाह अकबर को विद्वान और प्रतिभाशाली पुरुषों को अपने दरबार में रखने का बहुत शौक था | जब भी कोई प्रतिभाशाली व्यक्ति उनके दरबार में आता तो वह उसे अपने मंत्रियों में शामिल कर लेते थे | अकबर का दरबार गुणी व बुद्धिमान लोगों से भरा हुआ था | इनमे से नौ लोग अकबर के दरबार में नवरत्नों के रूप में जाने जाते थे | वे असाधारण प्रतिभाशाली और अपने अपने क्षेत्र में निपुण थे | उन्हीं दिनों महेशदास नाम का एक युवक अकबर के राज्य में एक छोटे से गांव में रहता था | उसने अपना पूरा जीवन इसी गांव में व्यतीत किया था | अब वह दुनिया की यात्रा करना चाहता था | उसने बादशाह के महल व बड़े नगरों के बारे में बहुत सारी कहानिया सुनी थी | उसे यहाँ घूमना रोमांचक लग रहा था | उसने निश्चय किया की वह बादशाह के दरबार में जाएगा और वहां नौकरी पाने की कोशिश करेगा | वह बहुत भीड़ वाले बाजारों से होकर गुजरा और अंत में वह शहर पहुच गया | महेशदास महल के दरवाजे तक तो पहुच गया, किन्तु अंदर प्रवेश नहीं कर सका | दवारपाल...