जादुई जंगल की कहानी: समझदार कबूतर और एकता की शक्ति | Moral Kids Story in Hindi
श्रेणी: बच्चों की कहानी उम्र: 6 से 12 वर्ष सीख: एकता, समझदारी और साहस बहुत समय पहले की बात है। हरीपुर नाम के एक छोटे से गाँव के पास एक बड़ा और घना जंगल था। उस जंगल को लोग जादुई जंगल कहते थे, क्योंकि वहाँ के पेड़-पौधे, जानवर और पक्षी सब एक-दूसरे से मिलजुल कर रहते थे। जंगल में हर सुबह चिड़ियों की मीठी आवाज गूंजती थी और सूरज की किरणें पेड़ों की पत्तियों से छनकर जमीन पर सुनहरी चादर बिछा देती थीं। उसी जंगल में एक समझदार कबूतर रहता था, जिसका नाम था चिनू । चिनू बाकी कबूतरों से थोड़ा अलग था। वह हमेशा नई बातें सीखने की कोशिश करता और दूसरों की मदद करने में विश्वास रखता था। जंगल के सभी जानवर उसकी समझदारी की तारीफ करते थे। एक दिन जंगल में हलचल मच गई। सुबह-सुबह खरगोश चिंटू दौड़ता हुआ आया और बोला, “दोस्तों! मैंने नदी के पास एक अजनबी जाल देखा है। लगता है कोई शिकारी आया है।” यह सुनते ही सभी जानवर डर गए। हिरन, बंदर, तोता और गिलहरी – सब एक जगह इकट्ठा हो गए। “अब हम क्या करें?” हिरन ने घबराते हुए पूछा। चिनू कबूतर ने शांत स्वर में कहा, “घबराने से कुछ नहीं होगा। हमें मिलकर सोचने की जरूरत है। अगर ...